Mandir Mein Baithi Maiya Guffa Chhod Ke/मंदिर में बैठी मईया गुफा छोड़ के।


मन्दिर में बैठी मईया गुफा छोड़ के,
मैया गुफा छोड़ के, 
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के,
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के।।

ब्रह्मा जी भी आ गये ब्रह्मांड छोड़ के,
ब्रह्मांड छोड़ के,
ब्रह्माणी भी आ गईं जयकारा बोल के,
ब्रह्माणी भी आ गईं जयकारा बोल के,
बोलो सच्चे दरबार की जय, जय, जय,
मन्दिर में बैठी मईया गुफा छोड़ के,
मैया गुफा छोड़ के, 
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के,
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के।।

विष्णु जी भी आ गये बैकुंठ छोड़ के,
बैकुंठ छोड़ के,
लक्ष्मी जी भी आ गईं जयकारा बोल के,
लक्ष्मी जी भी आ गईं जयकारा बोल के,
बोलो सच्चे दरबार की जय, जय, जय,
मन्दिर में बैठी मईया गुफा छोड़ के,
मैया गुफा छोड़ के, 
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के,
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के।।

शंकर जी भी आ गये कैलाश छोड़ के,
कैलाश छोड़ के,
गौरा जी भी आ गईं जयकारा बोल के,
गौरा जी भी आ गईं जयकारा बोल के,
बोलो सच्चे दरबार की जय, जय, जय,
मन्दिर में बैठी मईया गुफा छोड़ के,
मैया गुफा छोड़ के, 
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के,
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के।।

राम जी भी आ गये अयोध्या छोड़ के,
अयोध्या छोड़ के,
सीता जी भी आ गईं जयकारा बोल के,
सीता जी भी आ गईं जयकारा बोल के,
बोलो सच्चे दरबार की जय, जय, जय,
मन्दिर में बैठी मईया गुफा छोड़ के,
मैया गुफा छोड़ के, 
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के,
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के।।

कान्हा जी भी आ गये गोकुल छोड़ के,
गोकुल छोड़ के,
राधा जी भी आ गईं जयकारा बोल के,
राधा जी भी आ गईं जयकारा बोल के,
बोलो सच्चे दरबार की जय, जय, जय,
मन्दिर में बैठी मईया गुफा छोड़ के,
मैया गुफा छोड़ के, 
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के,
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के।।

मैया जी भी आ गईं पर्वत छोड़ के,
पर्वत छोड़ के,
लांगुर जी भी आ गये जयकारा बोल के,
लांगुर जी भी आ गये जयकारा बोल के,
बोलो सच्चे दरबार की जय, जय, जय,
मन्दिर में बैठी मईया गुफा छोड़ के,
मैया गुफा छोड़ के, 
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के,
घेरदार घांघरो चुनर ओढ़ के।।


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